EMPATHY क्या है ?

Ethics संघ लोक सेवा आयोग

किसी भी दूसरे व्यक्ति के प्रति सामान भावनाओं की समझ से सम्बंधित है अर्थात सहानुभूति भावनात्मक समानता की बात करती है। औपचारिक रूप से समानुभूति व्यक्तित्व की वह मानसिक अवस्था है जहाँ व्यक्ति दूसरे की पीड़ा और मनः स्थिति को उस पीड़ित व्यक्ति की मानसिक स्थिति पर स्वयं को भावनात्मक रूप से रखकर उसकी पीड़ा को महसूस करने का प्रयास करता है जहँ मै और तुम की भावना ख़त्म हो जाती है व्यक्ति भावनात्मक रूप से ‘हम’ की स्थिति में आ जाता है। इस मानसिक स्थिति को समानुभूति कहते है।

कोई भी व्यक्ति दूसरे व्यक्ति की भावनाओं को समानुभूति की अवस्था में उस पीड़ित व्यक्ति की भावनाओं के अनुरूप तभी समझा जा सकता है जहाँ ऐसी घटनाओ व पीड़ा का एहसास स्वयं अपने जीवन में किया हो। इसलिए समानुभूति भावनात्मक समरूपता की स्थिति मानी जाती है जहाँ उच्चस्थ निम्नस्थ का भेद समाप्त हो जाता है।

Empathy स्वजागरूकता की स्थिति है कैसे :

समानुभूति स्वजागरूकता की स्थिति है। डेनियल गोलमैन के अनुसार वही व्यक्ति समानुभूति की एहसास को धारण कर सकता है जो अपनी भावनाओं की स्प्राटइ स्वजागरूक हो क्यूंकि यदि उस व्यक्ति में अपनी भावनाओं की प्रति जागरूकता नहीं है तो वह दूसरो की भावनाओं को भी नहीं समझ पायेगा।

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